फतेहपुर में शुरू होगा बेरोजगारी मुक्त भारत अभियान, चुना जाएगा पहला समृद्ध मॉडल गांव


सीडीओ पवन कुमार मीना ने दिया सहयोग का आश्वासन, डीएम को भी दी गई जानकारी
फतेहपुर में बेरोजगार युवाओं और महिलाओं को रोजगार एवं स्वरोजगार से जोड़ने के लिए ‘बेरोजगारी मुक्त भारत’ अभियान शुरू करने की पहल की गई है। इसके तहत जिले के एक गांव को पहले चरण में ‘बेरोजगारी मुक्त एवं समृद्ध मॉडल ग्राम’ के रूप में विकसित किया जाएगा। गांव का चयन स्थानीय जरूरतों, उपलब्ध संसाधनों और रोजगार की संभावनाओं के आधार पर होगा।
अभियान को लेकर 24 अक्टूबर को मुख्य विकास अधिकारी पवन कुमार मीना के साथ चर्चा हुई। सीडीओ ने इस पहल को आगे बढ़ाने में सहयोग का आश्वासन दिया। जिलाधिकारी निधि गुप्ता वत्स को भी अभियान की जानकारी दी गई है। संगठन की ओर से 25 अक्टूबर से प्रारंभिक कार्य शुरू करने की बात कही गई है।
अभियान के मार्गदर्शक एवं कमेटी फॉर सर्विस एंड डेवलपमेंट (सीएसडी) के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. सूर्य कुमार सेवानिवृत्त पुलिस महानिदेशक हैं। उनका जन्मस्थान फतेहपुर है। अभियान के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार की संभावनाएं बढ़ाने और लोगों को आत्मनिर्भर बनाने का लक्ष्य रखा गया है।
सर्वेक्षण के बाद रोजगार से जोड़े जाएंगे लोग
अभियान के तहत चयनित गांव में बेरोजगार युवाओं, महिलाओं और अन्य जरूरतमंद लोगों का सर्वेक्षण किया जाएगा। उनकी शैक्षिक योग्यता, कौशल, अनुभव और रुचि के आधार पर रोजगार, कौशल प्रशिक्षण तथा स्वरोजगार के अवसरों से जोड़ने का प्रयास होगा। इसके लिए ग्राम पंचायत, जिला प्रशासन, उद्योग विभाग, बैंकिंग संस्थानों और प्रशिक्षण केंद्रों के साथ समन्वय किया जाएगा।
कारीगरों को प्रशिक्षण और ऋण दिलाने की योजना
बढ़ई, लोहार, कुम्हार, दर्जी, मोची, नाई और राजमिस्त्री सहित पारंपरिक व्यवसायों से जुड़े लोगों को ऋण, अनुदान और उपकरण उपलब्ध कराने में मदद की योजना है। वहीं, युवाओं को मोबाइल रिपेयरिंग, कंप्यूटर, ब्यूटी पार्लर, आटा चक्की और गैराज जैसे कार्यों के लिए स्वरोजगार सहायता दिलाने का प्रयास होगा।
योजना में कारीगरों को 10 दिन का निःशुल्क प्रशिक्षण और प्रतिदिन 500 रुपये मानदेय देने का भी उल्लेख है। ऋण, छूट और मानदेय संबंधी सुविधाओं की पात्रता एवं स्वीकृति की शर्तें अलग से स्पष्ट होना बाकी हैं।
मेमोरा गांव के अनुभव का लिया जाएगा आधार
लखनऊ के सरोजनीनगर विकासखंड स्थित मेमोरा गांव में रोजगार सर्वेक्षण, पंजीकरण, काउंसलिंग और स्वरोजगार की संभावनाओं की पहचान के लिए किए गए प्रयासों के अनुभव के आधार पर फतेहपुर में अभियान आगे बढ़ाने की योजना है। इसका उद्देश्य ग्रामीण परिवारों की आजीविका के अवसर बढ़ाना और उन्हें आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ाना है।
इस मौके पर इंड्रस्ट्रीज एसोशिएशन के अभिमन्यु सिंह विपिन त्यागी,सीए ब्रजबिहारी शुक्ला ,दिनेश तिवारी,सुनील त्रिपाठी भी मौजूद रहे l







