रायबरेली
पूर्व में भाजपा नगर अध्यक्ष व जिला अस्पताल में तैनाद सरकारी डॉक्टर का मामले ने पकड़ा तूल 
पूर्व में भाजपा नगर अध्यक्ष व जिला अस्पताल में तैनात सरकारी डॉक्टर का मामला टूल पकड़ता नजर आ रहा है जहां भाजपा नेता शाहिद चौक पर बैठकर आत्मदाह करने की बात कह रहे हैं क्योंकि विगत दिनों में डॉक्टर शिव कुमार के द्वारा रंगदारी मांगने का आरोप लगाते हुए भाजपा नेता को जेल भेजा गया था और भाजपा नेता का साफ तौर पर कहना है कि डॉक्टर शिवकुमार जो सरकारी जिला अस्पताल में तैनात है विगत 10 12 सालों से और वह अपना एक गंगा राम हॉस्पिटल भी चलाते हैं जो अपने नौकर के नाम करवा रखे हैं और बाकायदा अस्पताल मे ड्यूटी करने के बाद गंगाराम हॉस्पिटल में अपनी सेवाएं देते है आरोप है कि षड्यंत्र रचकर मुझे जेल भेजा गया था और मैं 18 महीने जेल में रहने के बाद आज फिर अपनी जनता के बीच हूं गरीब मजलूम उन मरीजों के इमानदारो के साथ हूं और मैं इस आवाज को फिर उठा रहा हूं कि आखिर स्वास्थ्य महकमा डॉक्टर शिवकुमार को क्यों संरक्षण दे रहा है जबकि भली-बाती लोग जानते हैं कि डॉक्टर शिवकुमार गंगा राम हॉस्पिटल में अपनी सेवाएं देते हैं और वह हॉस्पिटल उन्हीं के पैसों से बना है यह अलग की बात है कि उन्होंने अपने नौकर के नाम उस अस्पताल को कर रखा है लेकिन अगर स्वास्थ्य विभाग के उच्च अधिकारी उस पर जांच करते तो डॉक्टर शिवकुमार वहां पर सेवाएं देते कभी भी मिल सकते लगातार मेरे द्वारा कई सबूत पेश किए गए जो कि डॉक्टर शिवकुमार को कटघरे में जरूर खड़ा करता है लेकिन स्वास्थ्य महकमा क्यों उस पर कार्यवाही करने से कतरा रहा है यह समस्या है आज यह मेरा एक दिन का धरना रायबरेली में है कल मैं पैदल उत्तर प्रदेश के यशस्वी मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आवास के बाहर पहुंचूंगा और वहां पर अपनी बात रखूँगा और मेरी बात अगर नहीं सुनी गई तो मैं मुख्यमंत्री आवास के सामने ही आत्मदाह करूंगा जिसकी पूरी जिम्मेदारी जिला प्रशासन व डॉक्टर शिवकुमार की होगी जिनके द्वारा रायबरेली के टॉप टेन अपराधी के माध्यम से मेरी हत्या कराई जाने की बात भी कही गई है।






